कार्ययोजना के निर्माण का उद्देश्य पंच प्राणो का विकास – मा० हेमचन्द्र जी ।
विद्या भारती पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के अन्तर्गत जन शिक्षा समिति-अवध प्रदेश(उत्तर प्रदेश)द्वारा आयोजित प्रान्तीय वार्षिक कार्य योजना सरदार गनपत राय सरस्वती विद्या मन्दिर रानोपाली अयोध्या में सम्पन्न हो रही है। उद्घाटन सत्र में माननीय क्षेत्रीय संगठन मंत्री श्री हेमचन्द्र जी ने प्रधानाचार्यों को सम्बोधित करते हुए कहा कि हमारी कार्ययोजना विद्यालय के पंच प्राणों (छात्र,अभिभावक,आचार्य,पूर्व छात्र व प्रबन्ध समिति)के विकास को ध्यान में रखकर बनानी चाहिए तथा कार्ययोजना के कार्यों को एक निश्चित समय मे पूर्ण करने का प्रयास निरन्तर करते रहना ही योजना को सार्थकता प्रदान करता है। हमारी योजना का केन्द्र बालक हो जिसे भारतीय शिक्षा मूल्यों से युक्त शिक्षा प्रदान करते हुए उसका सर्वांगीण विकास किया जा सके। सत्र का प्रारम्भ माँ शारदे के समक्ष दीप प्रज्वलन ,पुष्पार्चन व माँ शारदे की वन्दना के साथ हुआ।
इस सत्र की अध्यक्षता अयोध्या शहर के महापौर आदरणीय श्री गिरीश पति त्रिपाठी जी रहे।
इस सत्र में जन शिक्षा समिति अवध प्रदेश के कोषाध्यक्ष श्री रामशरण दुबे जी,अयोध्या जिले के जिला मंत्री श्री आदित्य जी, शिक्षा सेवा संयोजक पूर्वी उत्तर प्रदेश श्री योगेश जी,संस्कृति बोध परियोजना के क्षेत्रीय संयोजक श्री राजकुमार सिंह जी,प्रदेश निरीक्षक मिथिलेश कुमार अवस्थी जी,सभी सम्भाग निरीक्षकों की उपस्थिति रही।








