भारतीय शिक्षा समिति उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित कार्य योजना बैठक 2026-27 (21 अप्रैल से 25 अप्रैल) के उद्घाटन सत्र में आदरणीय क्षेत्रीय संगठन मंत्री माननीय हेमचन्द्र जी ने बैठक के उद्देश्यों एवं प्रस्तावना पर विस्तार से प्रकाश डाला।
उन्होंने विद्याभारती के मूल लक्ष्य—संस्कारयुक्त, राष्ट्रनिष्ठ एवं समग्र व्यक्तित्व निर्माण पर आधारित शिक्षा—को स्पष्ट करते हुए प्रधानाचार्य की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
प्रधानाचार्य केवल प्रशासक नहीं, बल्कि संस्कारों के संवाहक, मार्गदर्शक एवं राष्ट्र निर्माण के प्रमुख स्तंभ हैं।













